मंगलवार, 11 जुलाई 2017

अनचाहे प्रेगनेंसी को कैसे रोके



क्या सचमुच ये आयुर्वेदिक पिल्स प्रेगनेंसी को रोकने के काम आता है?

अनचाहे प्रेगनेंसी को रोकने के लिए कंडोम का इस्तेमाल तो आम है लेकिन इसके ब्रेक होने का डर जिनको सताता है वे पिल्स का इस्तेमाल करते हैं। सेक्स के 72 घंटे बाद अनचाहे प्रेगनेंसी को रोकने के लिए अगर बार-बार इसका इस्तेमाल किया गया तो इसके बहुत साइड इफेक्ट होने लगते है। यानि इसके कारण पीरियड्स होने में प्रॉबल्म,सेक्स की इच्छा में कमी और मनोवैज्ञानिक आचरण में भी प्रॉबल्म होता है। अगर आप इसके साइड इफेक्ट्स से बचना चाहते हैं तो आप इस आयुर्वेदिक तरीके का भी इस्तेमाल कर सकते है।
डॉ. सूर्या भागवती, डॉ. वैद्द न्यू एज आयुर्वेद ने कुछ ऐसे आयुर्वेदिक ओरल कंट्रासेप्टिव के बारे में बताया है जो आप घर में बना सकते हैं। ये हर्ब्स तीन तरीकों से प्रेगनेंसी को रोक सकते हैं-।
अरंडी का बीज- अरंडी किसी भी हर्बल स्टोर में आसानी से पाया जाता है। ये तकनीक कई प्रांतों में इस्तेमाल किया जाता है। यहां तक कि विज्ञान भी इसको प्रामाणिकता देती है। इसके लिए आप ताजे अरंडी के बीज को फोड़े। उसमें से एक सफेद रंग का बीज निकलेगा। सेक्स करने के 72 घंटे में लेने से ये इमरजेंसी पिल्स के रूप में काम करता है।
सूखा पुदीना का पत्ता-आयुर्वेद के अनुसार पुदीना का पत्ता गर्भनिरोधक के रूप में काम करता है। सेक्स करने के तुरन्त बाद गुनगुने गर्म पानी में एक चम्मच पुदीने के पत्ते मिलाकर लेने से ये नैचुरल गर्भनिरोधक के रूप में काम करता है।
जपाकुसुम- जपाकुसुम में बेन्जीन होता है जो गर्भनिरोधक के रूप में काम करता है। इस फूल का पेस्ट बनाकर इसको लेने से ये असरदार रूप में प्रेगनेंसी को रोकने में मदद करता है।
विडंगा- विडंगा पेपरकॉर्न की तरह दिखने में लगता है। ये 83 प्रतिशत तक अनचाहे प्रेगनेंसी को रोकने में मदद करता है।
तालिस्पात्र- ये आयुर्वेदिक हर्ब तालिस्पात्र एबीस विबियाना के नाम से जाना जाता है और इसको ओरल कंट्रासेप्टिव के रूप काम करता है। ये हर्ब अंडे को गर्भाशय के दिवार में चिपकने नहीं देता है और प्रेगनेंट होने की संभावना को कम करता है।
अदरक- ये सूखा अदरक घरेलू नुस्खा है। इसका एन्टी इंफ्लैमटोरी इफेक्ट पीरियड को ठीक तरह से प्रवाहित करने में मदद करता है। इसके साथ ये कंट्रासेप्टिव पिल्स के रूप में भी काम करता है।

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